Friday, August 14, 2020

गूगल और एपल ने फोर्टनाइट गेम को स्टोर से किया बाहर, गेमिंग कंपनी ने यूजर्स से पैसा लेने के लिए डायरेक्ट पेमेंट प्लान किया था लॉन्च August 13, 2020 at 10:59PM

अमेरिकी गेमिंग कंपनी इपिक गेम्स के पॉपुलर एक्शन गेम फोर्टनाइट को गूगल और एपल स्टोर से हटा दिया गया है। दरअसल, एपल और गूगल ने इस गेम को अपने स्टोर से इस वजह से हटाया क्योंकि एपिक गेम्स इन दोनों कंपनियों को बायपास करते हुए यूजर्स के डायरेक्ट पेमेंट प्लान लॉन्च किया है।

बता दें कि गूगल अपने प्ले स्टोर और एपल अपने ऐप स्टोर से इस गेम की खरीदारी पर 30 फीसदी रेवेन्यू कमाती हैं। गुरुवार को गेम के डेवलपर्स ने फोर्टनाइट के फ्री और पेड दोनों वर्जन को अपडेट किया था, जिसके बाद इसमें यूजर्स को डायरेक्ट पेमेंट का ऑप्शन मिलने लगा। इस गेम के फ्री वर्जन में भी यूजर्स को कुछ एलिमेंट के लिए पेमेंट करना पड़ता है।

गूगल की पॉलिसी का उल्लंघन हुआ
गूगल ने कहा, "जब तक फोर्टनाइट एंड्रॉयड पर उपलब्ध रहता है, तब तक हम इसे प्ले पर उपलब्ध नहीं कर सकते, क्योंकि यह हमारी पॉलिसी का उल्लंघन करता है। हालांकि, हम एपिक के साथ अपनी चर्चा जारी रखने और फोर्टनाइट को गूगल प्ले पर वापस लाने के बात करेंगे।

गूगल ने भले ही इस गेम को अपने प्ले स्टोर से हटा दिया हो, लेकिन इसे एपिक गेम्स के स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है। साथ ही, इसे सैमसंग यूजर्स गैलेक्सी स्टोर से डाउनलोड कर पाएंगे। हालांकि, आईफोन यूजर्स के लिए ऐसा कोई विकल्प नहीं है।

इधर, एपिक गेम्स ने एक ब्लॉग पोस्ट में कहा कि कंपनी आईओएस और प्ले स्टोर के लिए डायरेक्ट पेमेंट प्लान पेश कर रही है। गेम डेवलपर ने कहा कि इस नए अपडेट में एक ही पेमेंट सिस्टम दिया है। ये पीसी, मैक सिस्टम और एंड्रॉयड डिवाइसों के लिए लागू होगा।

स्मार्टफोन के साथ पीसी पर भी उपलब्ध है गेम
ऐसा नहीं है कि इस गेम को सिर्फ स्मार्टफोन पर ही खेल सकते हैं। बल्कि इसे विंडोज, मैक मशीन पर भी खेला जा सकता है। इसके लिए कंपनी की ऑफिशियल वेबसाइट से इसे फ्री इन्स्टॉल किया जा सकता है। यहां पर आईओएस और एंड्रॉयड यूजर्स के लिए भी APK फाइल का सेटअप दिया है।

एंड्रॉयड प्लेटफॉर्म पर अप्रैल में हुआ था लॉन्च
कंपनी इस गेम की लॉन्चिंग के पूरे 18 महीने के बाद एंड्रॉयड प्लेटफॉर्म पर लाई थी। वहीं, इसे इसी साल अप्रैल में लॉन्च किया गया था। हालांकि, आईओएस प्लेटफॉर्म पर ये पहले से आ रहा था। इस गेम का साइज 107MB था, लेकिन जरूरी अपडेट के बाद इसका साइज 7.4GB हो जाता था। इस एक्शन गेम में एचडी ग्राफिक्स का इस्तेमाल किया गया है।

फोर्टनाइट ऑनलाइन वीडियो गेम है। दुनियाभर में इसके 250 मिलियन (करीब 25 करोड़) यूजर्स हैं। इसमें एक साथ 100 प्लेयर्स ऑनलाइन फाइट कर सकते हैं। गेम की एक स्टेज में करीब 20 मिनट लगते हैं। प्लेयर का गेम ओवर होने के बाद वो तुरंत ही नया खेल सकता है।



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कंपनी इस गेम की लॉन्चिंग के पूरे 18 महीने के बाद एंड्रॉयड प्लेटफॉर्म पर लाई थी

संदेह होने पर कंपनी यूजर से मांग सकती है सरकारी आईडी प्रूफ, नहीं दिखा पाए तो हो सकता है अकाउंट बंद August 13, 2020 at 10:33PM

फेसबुक के तर्ज पर अब इंस्टाग्राम भी अपने प्लेटफार्म की सुरक्षा को लेकर गंभीर होती दिखाई दे रही है। कंपनी प्लेटफार्म पर मौजूद ऐसे बॉट्स और अकाउंट्स पर सख्त कदम उठाने जा रही है, जो संदेहास्पद है। प्लेटफार्म पर संदेहास्पद गतिविधि लगने पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जल्द ही ऐसे यूजर्स से उनकी पहचान सत्यापित करने के लिए कह सकती है।

हर यूजर्स को प्रभावित नहीं करेगी ये नई पॉलिसी
इंस्टाग्राम ने कहा है कि उसकी नई नीति अधिकांश उपयोगकर्ताओं को प्रभावित नहीं करने वाली है, लेकिन यह सिर्फ संदिग्ध अकाउंट को टार्गेट करेगी। उन्होंने एक बयान में बताया कि इसमें संभावित रूप से अमानवीय व्यवहार में लगे हुए अकाउंट्स को शामिल किया जाएगा हैं या जब ऐसे अकाउंट्स जिनके ज्यादातर फॉलोअर्स किसी दूसरे देशों के हो या अगर अकाउंट के बॉट अकाउंट्स की तरह संचालित होने के संकेत मिलें।

फेसबुक भी सुरक्षा को लेकर इस तरह का कदम उठा चुकी है
नए नियमों के तहत, इन संदिग्ध अकाउंट होल्डर्स को एक सरकारी आईडी सबमिट करके अपनी पहचान सत्यापित करने के लिए कहा जाएगा। यदि वे पालन करने में विफल रहते हैं, तो इंस्टाग्राम फीड पर उनके पोस्ट को डाउन-रैंक कर देगा या उनके अकाउंट को पूरी तरह से डिसेबल कर देगा। फेसबुक में भी इसी तरह ही एक पॉलिसी लागू की है, जिसमें यूजर्स को कोई पॉपुलर पेज चलाने के लिए अपनी पहचान सत्यापित करानी होती है।

2016 में इलेक्शन कैंपेन के लिए सबसे प्रभावी टूल माना गया था इंस्टाग्राम
इंस्टाग्राम ने विशेष रूप से अपने प्लेटफॉर्म को चुनावी मध्यस्थता के लिए इस्तेमाल न करने से रोकने के लिए पर्याप्त रूप से जांच का सामना किया है। एंडगैजेट के अनुसार, 2016 में रूसी चुनाव हस्तक्षेप पर सीनेट इंटेलिजेंस कमेटी की एक रिपोर्ट ने इंस्टाग्राम को IRA द्वारा अपने इंफॉर्मेशन ऑपरेशन्स कैंपेन को संचालित करने के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला सबसे प्रभावी टूल उपकरण पाया।



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फेसबुक में भी इसी तरह ही एक पॉलिसी लागू की है, जिसमें यूजर्स को कोई पॉपुलर पेज चलाने के लिए अपनी पहचान सत्यापित करानी होती है

जूम-माइक्रोसॉफ्ट टीम्स से वीडियो कॉल पड़ेगा भारी, कंपनियां वसूल रही हैं इंटरनेशनल चार्ज August 13, 2020 at 10:03PM

यदि आप जूम, माइक्रोसॉफ्ट या इनके जैसे ऐप के जरिए वीडियो कॉल करते हैं तो यह आपकी जेब पर भारी पड़ सकता है। दरअसल, टेलीकॉम कंपनियों ने इन ऐप के जरिए वीडियो कॉल करने पर इंटरनेशनल कॉल रेट के अनुसार अतिरिक्त चार्ज लेने की तैयारी कर ली है। कई कंपनियों ने चार्ज लेना शुरू भी कर दिया है। हालांकि, टोलफ्री नंबर पर वीडियो कॉल पर कोई चार्ज नहीं देना होगा। इस अतिरिक्त चार्ज के संबंध में टेलीकॉम कंपनियां अपने ग्राहकों को एसएमएस के जरिए अलर्ट भेज रही हैं।

ट्राई के निर्देशों के बाद भेजा जा रहा अलर्ट

दरअसल, टेलीकॉम रेगुलेटर ट्राई ने कंपनियों से कहा था कि वे अपने ग्राहकों को सूचित करें कि वीडियो ऐप से इंटरनेशनल नंबर डायल करने पर आईएसडी चार्ज देना होगा। इसके बाद से टेलीकॉम कंपनियों ने अपने ग्राहकों को अलर्ट भेजना शुरू किया है। कुछ ग्राहकों ने ट्राई और टेलीकॉम कंपनियों से पिछले कुछ महीनों में ज्यादा बिल की शिकायत की थी।

मोबाइल से वीडियो कॉल पर देना पड़ेगा अतिरिक्त चार्ज
एक टेलीकॉम एक्जीक्यूटिव के मुताबिक, लैपटॉप या डेस्कटॉप के जरिए वीडियो कॉल में कोई समस्या नहीं है, लेकिन अधिकांश यूजर्स को मोबाइल के जरिए वीडियो कॉल के दौरान इंटरनेशनल या प्रीमियम नंबर की जानकारी नहीं होती है और वे सेल्यूलर नेटवर्क के जरिए कॉल करते हैं। इसीलिए उन्हें इन कॉल्स के लिए आईएसडी चार्ज का बिल मिल रहा है।

वर्क फ्रॉम होम के कारण वीडियो कॉल में बढ़ोतरी

कोरोनावायरस महामारी के कारण 25 मार्च से पूरे देश में लॉकडाउन लागू है। इस कारण अधिकांश कर्मचारी वर्क फ्रॉम होम कर रहे हैं। काम के सिलसिले में कर्मचारियों को वीडियो कॉल का सहारा लेना पड़ता है। लॉकडाउन के दौरान देश में वीडियो कॉल में कई सौ गुना का इजाफा हुआ है। इस दौरान कई नए वीडियो कॉलिंग ऐप भी लॉन्च हुए हैं। इसमें रिलायंस जियो का जियो मीट, भारती एयरटेल का ब्लू जीन्स समेत कई घरेलू ऐप शामिल हैं।



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लॉकडाउन के दौरान देश में वीडियो कॉल में कई सौ गुना का इजाफा हुआ है। इस दौरान कई नए वीडियो कॉलिंग ऐप भी लॉन्च हुए हैं।

अमेजन के एलेक्सा डिवाइस में आया सिक्योरिटी बग, पर्सनल डिटेल के साथ वॉइस हिस्ट्री चोरी का खतरा; हैकर्स एक लिंक का कर रहे इस्तेमाल August 13, 2020 at 09:12PM

आपके होम को स्मार्ट बनाने वाले अमेजन एलेक्सा डिवाइसेस में सिक्योरिटी बग सामने आया है। साइबर सिक्योरिटी फर्म चेक पॉइंट के रिसर्चर्स के मुताबिक, हैकर्स इससे यूजर्स की पर्सनल इन्फॉर्मेशन के साथ कन्वर्सेशन हिस्ट्री को भी चुरा सकते हैं। इतना ही नहीं, वे आपकी जानकारी के बिना डिवाइस में कोई ऐप्स इन्स्टॉल या रिमूव भी कर सकते हैं।

रिपोर्ट में कहा गया है कि हैकर्स को इसके लिए सिर्फ एक अमेजन लिंक की जरूरत होती है, जिसे वे आसानी से तैयार कर लेते हैं। सिक्योरिटी फर्म ने इस बारे में अमेजन को बताया है, जिसके बाद वो इस सिक्योरिटी बग को फिक्स कर रही है।

अमेजन ने सिक्योरिटी बग की बात मानी
सिक्योरिटी में आए बग को लेकर अमेजन ने कहा, "हमारे डिवाइसेस की सुरक्षा हमारी पहली प्राथमिकता है और हम चेक पॉइंट के रिसर्चर्स की सराहना करते हैं जो हमारे लिए इस तरह के मुद्दे लाते हैं।" उसने ये भी कहा कि हमारे पास अभी किसी भी ऐसे मामले की जानकारी नहीं है जिसमें किसी भी कस्टमर को टारगेट किया गया हो। बता दें कि जनवरी में अमेजन ने कहा था कि दुनियाभर में एलेक्स का करोड़ो डिवाइसेस हैं।

डेटा चुराने के लिए लिंक का इस्तेमाल
चेक पॉइंट ने बताया कि एलेक्सा डिवाइस को हैक करने के लिए एक अमेजन लिंक तैयार किया जा है और उसे ऐसे यूजर्स को भेजा जाता है जो इस पर क्लिक करे। जैसे ही यूजर लिंक पर क्लिक करता है हैकर्स को उसके डिवाइस को हैक करने का मौका मिल जाता है। यानी वो उसके डिवाइस में किसी भी ऐप्स को इन्स्टॉल या रिमूव कर सकता है। हैकर्स यूजर्स के एलेक्सा डिवाइस से उसके पर्सनल डेटा के साथ वॉइस कन्वर्सेशन हिस्ट्री भी चुरा कर सकते हैं।

बैंक अकाउंट की जानकारी भी लीक का खतरा
चेक पॉइंट ने कहा कि सिक्योरिटी बग में समस्या के चलते यूजर्स के बैंक अकाउंट तक भी हैकर्स पहुंच सकते हैं, क्योंकि डिवाइसेस पर यूजर अपने बैंक अकाउंट की राशि भी चेक कर सकते हैं।

हालांकि, अमेजन ने फर्म की इस बात पर आपत्ति जताई है कि डिवाइसेस से बैंक की डिटेल चुराई जा सकता है। इस पर अमेजन का कहना है कि एलेक्सा में बैंकिंग इन्फॉर्मेशन जैसे बैलेंस को रिकॉर्ड से बाहर रखा गया है। यानी हैकर्स इसका एक्सेस नहीं ले सकते।

दूसरी तरफ, चेक पॉइंट ने कहा कि हैकर्स एलेक्स डिवाइस की मदद से किसी व्यक्ति के अमेजन प्रोफाइल की जानकारी जुटाकर उसके घर का पता हासिल कर सकता है।



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सिक्योरिटी फर्म ने इस बारे में अमेजन को बताया है, जिसके बाद वो इस सिक्योरिटी बग को फिक्स कर रही है
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